होमगार्ड जवानों की बल्ले-बल्ले! अब हर महीने मिलेंगे 30,870

रायपुर। छत्तीसगढ़ में कानून-व्यवस्था, अग्निशमन और आपदा प्रबंधन जैसी महत्वपूर्ण सेवाओं में तैनात नगर सैनिकों (होमगार्ड) के लिए राहत भरी खबर है।
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के निर्देश और गृह मंत्री विजय शर्मा के मार्गदर्शन में राज्य शासन ने नगर सैनिकों का मानदेय बढ़ाकर 30,870 रुपये प्रतिमाह करने का प्रस्ताव तैयार किया है। इससे प्रदेश के लगभग 7,900 नगर सैनिकों और उनके परिवारों को लाभ मिलने की उम्मीद है।
अब प्रतिदिन मिलेंगे 1,029 रुपये
गृह विभाग द्वारा तैयार प्रस्ताव के अनुसार, नगर सैनिकों के मानदेय में मूल मानदेय के साथ महंगाई भत्ता और वर्दी धुलाई भत्ता शामिल किया गया है।
– मूल मानदेय: 19,500 रुपये प्रतिमाह
– महंगाई भत्ता (58 प्रतिशत): 11,310 रुपये
– वर्दी धुलाई भत्ता: 60 रुपये
– कुल प्रस्तावित मानदेय: 30,870 रुपये प्रतिमाह
इस तरह नगर सैनिकों को प्रतिदिन 1,029 रुपये के हिसाब से मानदेय दिए जाने का प्रस्ताव है।
पहले भी दो बार बढ़ चुका है मानदेय
नगर सैनिकों के मानदेय में इससे पहले भी बढ़ोतरी की गई थी। वर्ष 2017 में गृह विभाग के आदेश के तहत मानदेय 10,000 रुपये से बढ़ाकर 13,200 रुपये प्रतिमाह किया गया था। इसके बाद 1 अप्रैल 2023 से प्रभावी संशोधन के तहत 6,300 रुपये की वृद्धि की गई, जिससे मानदेय बढ़कर 19,500 रुपये प्रतिमाह हो गया था।
महंगाई और सेवाओं में योगदान को देखते हुए निर्णय
गृह विभाग ने न्यायालय के निर्देशों, बढ़ती महंगाई और नगर सैनिकों की जिम्मेदारियों को ध्यान में रखते हुए मानदेय बढ़ाने की अनुशंसा की है। नगर सैनिक कानून-व्यवस्था बनाए रखने, अग्निशमन, आपदा प्रबंधन और अन्य आवश्यक सेवाओं में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
शासन के इस प्रस्ताव से नगर सैनिकों को आर्थिक मजबूती मिलने के साथ उनके मनोबल में भी वृद्धि होने की उम्मीद है। नगर सैनिकों ने मानदेय बढ़ाने की पहल के लिए मुख्यमंत्री विष्णु देव साय और गृह मंत्री विजय शर्मा के प्रति आभार व्यक्त किया है।



